Good Luck Jerry Review: भाई अर्जुन से इक्कीस निकलीं जान्हवी कपूर, ‘गुडलक जेरी’ में की कमाल की अदाकारी

दक्षिण भारत की चर्चित फिल्मों की हिंदी रीमेक बॉक्स ऑफिस पर लगातार फेल हो रही हैं

‘जर्सी’, ‘निकम्मा’, ‘हिट द फर्स्ट केस’ को देखने के बाद इसी के चलते फिल्म ‘गुड लक जेरी’ देखते समय भी ज्यादा उम्मीदें होती नहीं हैं

लेकिन फिल्म ‘गुड लक जेरी’ ओटीटी के दर्शकों के लिए मॉनसून सरप्राइज से कम नहीं है

जान्हवी कपूर और कुछ बेहतरीन चरित्र अभिनेताओं ने एक साथ मिलकर इस फिल्म को मनोरंजक बनाने की कोशिश की है

तमिल फिल्म ‘कोलामावू कोकिला’ की रीमेक ‘गुड लक जेरी’ अगर दर्शकों को गुदगुदाने और भावुक करने दोनों में काफी हद तक कामयाब रहती है तो ये इसकी कहानी का कमाल है

तमिल सिनेमा के चर्चित निर्देशक नेल्सन दिलीप कुमार की लिखी कहानी को हिंदी और पंजाबी मिश्रित कलेवर में पंकज मट्टा ने अच्छे से अनूदित किया है

फिल्म ‘गुड लक जेरी’ को देखने की पहली वजह वैसे तो दर्शकों के लिए जान्हवी कपूर ही हैं। वह फिल्म में जया कुमारी उर्फ जेरी के किरदार में हैं

पिछले साल सिनेमाघरों में रिलीज हुई ‘रूही’ और उससे पहले सीधे ओटीटी पर रिलीज हुई ‘गुंजन सक्सेना’ में भी जान्हवी के काम की तारीफ हुई

इस शुक्रवार को सिनेमाघरों में रिलीज हुई फिल्मों ‘विक्रांत रोणा’ और ‘एक विलेन रिटर्न्स’ दोनों से फिल्म ‘गुड लक जेरी’ कहीं बेहतर है और यही इस वीकएंड की आपकी ‘राइट च्वॉइस’ भी होनी चाहिए